वो तुम्हारा मेरा आखिरी सफर, [Our last bike journey together]


फिर वो दिन भी आया जिसे सोचने भर से मै डर्र जाता था | हमे पता था शायद ये आखिरी बार है जब हम मिल रहे थे| बस सब भुला के वो पल ऐसे हे जी रहे थे  जैसे आखिरी थे | मुझे उस आखिरी सफर के लिए पूरी उम्र भर पछतावा रहेगा, जब भी मै  अपनी उस मोटरसाइकिल की तरफ देखता हु तो वो बात मुझे बार-बार परेशान करती है तुम बोहोत बीमार थी न जाने कितने दिनों से खाना अच्छे से न खाने से इतनी फिक्र अपने घर की मेरे भविष्य की सब तुम्हे अंदर हर अंदर खा गयी, मै कुछ नहीं कर सका मई भी उन्ही सब से गुज़र रहा था, बस थोड़ा दिखावा कर लेता था | मैं नहीं चाहता था तुम इस हालत में ये सफर करो,तुम नहीं मानी तुम्हारी वो ज़िद जायज भी थी , क्योकि  मुझसे ज्यादा तुम्हे एहसास था हम फिर दोबारा साथ नहीं होंगे मैं तब भी न जाने क्यों ये मानता रहा ये नहीं हो सकता हम साथ हे रहेंगे, कही न कही मेरा वो मानना सही भी था आज न जाने कितने ही  दिन भीत  गए पास ही नहीं हो पर साथ हमेशा हो | 
बोहोत मुश्किल था इस तरह जीना और उससे भी मुश्किल तुम्हे ये बताना | 
हमने वो आखिरी सफर शुरू किया तुम्हारी पीठ पर एक बैग था बीमार होने और उससे शरीर मैं आई कमजोरी की वजह से तुम उसे संभाल नहीं पा रही  थी तुम हमेशा जैसे पास बैठना चाहती थी वो बांहे मेरे कमर मैं ढालकर मेरे कंधे पर सर रखना चाहती थी मगर वो बैग तुम्हे पीछे खिंच रहा था जैसे के वो भी एक इशारा कर रहा हो | तुम हर वो प्रयास कर रही थी पर तुम ज्यादा देर संभाल नहीं पा रही थी मुझे तुम्हारे उन प्रयासों की खबर थी न जाने मैंने क्यों उसे अनदेखा किया मैं न चाहते भी चुप था | 
मैं तुम्हारे उस बैग को मोटरसाइकिल के पीछे बांध सकता था जिससे तुम आराम से बैठ सकती थी, ये तुम्हारे उसी भार की और इशारा कर रहा था जो तुमने जाने  अंझाने धोने का फैसला लिया, जो अब बस तुम्हे हे उम्र भर अकेले उठाना है उन सभी जिम्मेदारियां का भोझ जो हमारे दूर होने की वजह भी थी | मैंने उस पूल पर तुमसे एक वादा भी किया जहा तुमने कभी कहा था ये जगह बोहोत खूबसूरत है, बदले में मैंने तुमसे कहा के भले हे ये जगह लाख खूबसूरत हो पर मुझे मेरे लिए ये खूबसूरत तुम्हारे यह होने से है, मैं कई बार उस रास्ते से गुज़रा हु वो जगह हमेशा मुझे वीरान ही प्रतीत हुई न कभी ये ख्याल आया दो पल यहां ठहरु  | 
मुझे नहीं पता  मैंने वो वादा कितना निभाया है पर मैंने कोशिशे बोहोत की है, वो सफर हमेशा याद रहेगा उन सात मिंटो मैं भी जब मई इस जहा को छोड़कर जाऊंगा और मेरा दिमाग सारी उन अच्छी यादो को याद करेगा | 
पर मुझे ख़ुशी भी है वो सफर हमने साथ पूरा किया भले ही  जिंदगी का सफर अधूरा रहा हो शायद इश्क़ ज़िंदा रखने के लिए ये जरूरी रहा हो ये तो महादेव ही जाने, मई उन खूबसूरत पालो के लिए हमेशा तुम्हारा धन्यवाद् ही करूंगा | 
हमने अच्छे से विदा लिया आंसू तो दोनों के ही नहीं रुके थे पर वो पल बोहोत खूबसूरत थे जब सब धुंधला था और  बस मैं  और तुम थे मेरे लिए बस तुम ही तुम थे | 


मुझे नहीं पता तुम अब क्या सोचती हो पर कभी दोबारा किस्मत ने मिलाया तो तुमसे जरूर कहूंगा के भले ही  मुझे लाख शिकायते हो तुमसे पर प्यार उससे कही ज्यादा है,
 तुम्हे महादेव वो सब दे जिसके तुम हमेशा हक़दार थी | 
जिंदगी मैं कोई भी किसी से यु ही नहीं मिलता कोई न कोई वजह होती है ये कभी तुमने कहा था ,  शायद तुम प्यार और जिंदगी के मायने सीखाने ही आई थी मुझे खुद ही से मिलवाया है तुमने। 

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